दिल्ली। भारत मंडपम में 15 अक्टूबर से संचार क्षेत्र के दो सबसे बड़े कार्यक्रम - India Mobile Congress और ITU WTSA का आयोजन किया गया है। 15 अक्टूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय मंत्री द ग्रेट ज्योतिरादित्य सिंधिया ने मिलकर इन दोनों कार्यक्रमों का उद्घाटन किया था जिसमें 5 हज़ार से भी अधिक विशेषज्ञों और विदेशी प्रतिनिधियों ने भाग लिया था।
इसी कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय मंत्री सिंधिया मंडपम में आए बुनकरों और कारीगरों से मिलने गए। बता दें कि यह बुनकर भारत के विभिन्न क्षेत्रों और खासकर उत्तर पूर्वी भारत से थे जिन्होंने शॉल, कपड़ों से लेकर विभिन्न प्रोडक्ट की प्रदर्शनी लगाई है। सिंधिया ने करीब 1 घंटा सभी से बातचीत की और उनके उद्यम के बारे में जाना और इस आयोजन के बारे में उनकी प्रतिक्रिया भी जानी।
हैंडलूम में टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल से सिंधिया हुए प्रसन्न
प्रदर्शनी में एक स्टाल ‘TECHNOLOGY ADOPTION IN HANDLOOMS OF North East Region’ भी था जहाँ बुनकरों ने टेक्नोलॉजी की मदद से हर प्रॉडक्ट के लिए Digital Passport लगाया था जिसके माध्यम से हर प्रोडक्ट की पूर्ण जानकारी एक QR Code के माध्यम से ग्राहक को मिल सकती है।श्रीनगर की पश्मीना बुनकर श्रीमती शहनाज़ द्वारा बनाए गए शॉल के हुए सिंधिया फैन
विभिन्न स्टाल में से एक स्टॉल श्रीनगर की श्रीमती शहनाज़ का था जो अपनी ताना - बाना मशीन के साथ बैठकर शॉल बना रही थी। उनकी कला को देखकर सिंधिया इम्प्रेस हो गए और उन्होंने उनके कार्य के बारे में जाना। शॉल को बनाने के तरीके के साथ साथ उसकी बिक्री और मार्केट के बारे में भी सिंधिया ने जानकारी ली और उन्हें बोला की आप के सभी उत्पादों पर Geographical Indication का टैग होना चाहिए, साथ ही उन्हें अपनी शुभकामनाएं दी।

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