की रफ्तार समझ नहीं आती इसलिए वह घुंघरु से भरी प्लास्टिक बॉल से बेटिंग करेंगी और बॉल की रफ्तार साउंड सुनकर तय करेंगी कि उन्हें आने वाली बॉल पर
शुरुआत में कै श्रीमंत माधवराव ने की थी खिलाड़ियों की मदद
इस आयोजन की दूसरी अहम बात क्रिकेट आयोजन में जुड़े एसपीएस स्कूल के संचालकअशोक ठाकुर ने बताया कि दृष्टि बाधित या कहें दिव्यांग जनों के खेलो के लिए कै श्रीमंत माधवराव सिंधिया के
दिल में खास जगह थी। उन्होंने व्यक्तिगत रुचि लेकर उनकी खेलों में काफी मदद की थी। इस बात की पुष्टि दृष्टि बाधित क्रिकेट एसोसिएशन केमहासचिव एवं मप्र टीम के कप्तान सोनू गोलवलकर करते हुए कहा कि क्रिकेट से सिंधिया जी का खास लगाव रहा है ब्लाइंड क्रिकेट को सपोर्ट भी किया। उन्होंने खेल में हमारी काफी मदद की थी। आप हमारे संरक्षक थे। उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश के कई खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय टीम में खेल चुके हैं ब्लाइंड क्रिकेट को पहचान मिलने लगी है इस खेल को और पहचान दिलाने के लिए विभिन्न जगहों पर टूर्नामेंट का आयोजन कराया जाएगा। अध्यक्ष राघवेंद्र शर्मा ने कहा उनके नाम के ही शिवपुरी स्टेडियम में इस आयोजन का होना बड़ी बात है। उन्होंने सभी को खेल देखने आमंत्रित किया। साथ ही पूरे आयोजन पर विशेष जानकारी भी दी। 